Medha Vati Patanjali Benefits in Hindi । मेधा वटी के फायदे

दोस्तों, आप सभी लोगों ने Divya Medha Vati के बारे में तो सुना ही होगा। मेधा वटी कई सारी जड़ी-बूटियों को मिला कर के तयार की गयी एक आयुर्वेदिक दवा है। जिनमें मुख्य रूप से अश्वगंधा, ब्राह्मी, जटामांसी और जहर मोहरा भस्म जैसी जड़ी-बूटिया शामिल हैं। मेधा वटी को तनाव और डिप्रेशन जैसी गंभीर मानसिक रोगों के लिए इस्तेमाल किया जाता है। इतना ही नही बल्कि यह दिमाग से जुड़ी कई और बीमारियों को भी ठीक करने में मदद करती है। आज हम इस आर्टिकल में Divya Medha Vati Patanjali Benefits in Hindi के बारे में बात करेंगे। इसके साथ-साथ हम आपको इस दवाई को इस्तेमाल करने के निर्देश ,सामग्री व इसकी कीमत के बारे में भी जानकारी देंगे।

Divya Medha Vati Patanjali Benefits in Hindi

Divya medha vati tablet एक Brain tonic है। जिसमे कुछ ऐसी प्राकृतिक ओषधियाँ है जो दिमाग में anti-stress hormones रिलीज़ करके तनाव और डिप्रेशन दूर करता है। इसके साथ-साथ यह हमारे दिमाग में Dopamine, Oxytocin, Cortisol जैसे खुश रखने वाले हार्मोन्स बनाने में भी सक्षम होता है।

पतंजलि में यह दावा Divya medha vati extra power के नाम से उपलब्ध होती है। तो चलिये विस्तार से जानते हैं Divya Medha Vati Patanjali Benefits in Hindi के बारे में:

चिंता (Anxiety)

चिंता एक तरह का मानसिक रोग है जिसमे रोगी को डर, बेचैनी या  घबराहट हो सकती है। वैसे थोड़ी बहुत चिंता करना सामान्य होता है। लेकिन जब कोई अधिक चिन्ता करने लगता है तो यह एंग्जायटी का एक प्रमुख लक्षण है।

रोगी में यह लक्षण तब दिखाई देते हैं जब वह किसी विषय के बारे में ज्यादा सोचने लगता है। और जब वो अपनी सोच को काबू में नहीं रख पता तो उसे चिंता, बेचैनी और घबराहट होने लगती है

लेकिन सौभाग्य से मेधा वटी का इस्तेमाल करके एंग्जायटी को जड़ से खत्म किया जा सकता है। यह दवा तंत्रिका तंत्र के कामकाज को बेहतर बनाने में मदद करती है और एंग्जायटी के लक्षणों को कम करती है। अगर नियमित रूप से इस दवा का इस्तेमाल किया जाये तो इसका असर कुछ ही वक़्त में दिख जाता है।

ध्यान रखें: कुछ लोगो में इसका असर थोड़ा अधिक समय बाद देखने को मिल सकता है। ऐसे में वो दवाई खाना बंद न करें या मनोचिकित्सक से सलाह लें।

अवसाद (Depression)

अवसाद एक गंभीर मानसिक बीमारी है। इसमें ख़ास कर रोगी उदास रहने लगता है। और गंभीर स्तिथि में रोगी को आत्महत्या जैसे ख्याल भी आने लगते हैं।

मेधा वटी अवसाद को दूर करने के लिए बेहद लाभदायक दवा है। इसमें मौजूद औषधियाँ दिमाग से बुरे विचार, कमजोरी, सरदर्द और आत्महत्या करने जैसे विचारों को दूर करती है। यदि शुरुआत में अवसाद के लक्षण पहचान के इस दवा से मरीज का इलाज किया जाये तो वह पूरी तरह ठीक हो सकता है।

याददाश्त बढ़ने के लिए (Boost Memory)

आपका दिमाग आपके शरीर का एक महत्वपूर्ण और शक्तिशाली अंग है। यह आपके सभी ज्ञान और अनुभवों का भंडार है। दिमाग को इस्तेमाल करने के लिए एक अच्छी याददाश्त होना जरुरी होता है। 

लेकिन जब किसी कारणवश दिमाग की कोशिकाएं नष्ट हो जाती हैं तो उस वजह से याददाश्त भी कम हो जाती है। लेकिन मेधा वटी दिमाग में नयी कोशिकाएं बनाने में मदद करती है और Memory power बढाती है।

बूढ़े लोग में अक्सर याददाश्त कम होने की परेशानी देखी जाती है। लेकिन लोग उम्र के साथ भूलने की बीमारी को बिलकुल आम मानते हैं। लेकिन मेधा वटी ने सिद्ध किया है कि यह बुजुर्गो के लिए भी बेहद फायदेमंद है।

अनिंद्रा (Insomnia)

नींद न आना आजकल की तनाव भरी जीवनशैली के चलते लोगों में आम हो गया है। एक Study के अनुसार भारत में लगभग 30 प्रतिशत लोग ऐसे हैं जिन्हें ठीक से नींद नहीं आती। 

ऐसे लोगो के लिए मेधा वटी तो बेहद ही अचूक दवा है। इसके इस्तेमाल करने से न केवल अच्छी नींद आती है बल्कि यह दिमाग को ताजगी भी देता है।

जिन लोगों की रात को नींद टूट जाती है या भयानक सपने आते हैं उनके लिए भी मेधा वटी बहुत असरदार है

दोस्तों आपके दिमाग में यह सवाल होगा कि क्या यह दवा कही आपको इसकी आदी तो नहीं बना देगी। अगर आप ऐसा सोच रहे हैं तो घबराइए मत ऐसा कुछ नहीं होगा।

अन्य नींद की दवाइयां आपको कुछ ही समय में आदी बना सकती है, लेकिन मेधा वटी को अगर लंबे समय तक भी इस्तेमाल किया जाये तो आप इसके आदि नहीं बनेंगे। 

सरदर्द और माइग्रेन (Headaches & Migraine)

मेधा वटी सिरदर्द और माइग्रेन के लिए एक सरल और प्राचीन आयुर्वेदिक उपचार है। इसका इस्तेमाल करने से सिरदर्द और माइग्रेन से तुरंत छुटकारा मिलता है।

इसका उपयोग तनाव से होने वाले सिरदर्द और अधिक काम के कारण होने वाले सिरदर्द के लिए भी किया जाता है। 

यही नहीं बल्कि, कुछ शोध बताते हैं कि मेधा वटी क्लस्टर सिरदर्द और साइनस सिरदर्द के इलाज के लिए भी उपयोगी हो सकती है।

यह दवा माइग्रेन के लक्षण जैसे जी मिचलाना, उलटी होना, धुंधला दिखना, थकान जैसे लक्षणों को भी दूर करती है। 

मिर्गी (epilepsy)

मिर्गी, जिसे आयुर्वेद में “अपस्मार” भी कहा जाता है। यह दिमाग से जुड़ी एक सामान्य बीमारी है जो बच्चों और बुजुर्गो में आमतौर पर देखी जाती है। भारत में अगर बात की जाये तो हर 1000 में 5 लोगों में यह बीमारी पायी जाती है।

मिर्गी क्यों होती है ? सरल भाषा में आपको बताएं तो हमारे दिमाग में करोड़ों नसें होती हैं। और अगर उन नसों में असामान्य तरंगे पैदा होती है तो इससे शरीर में दौरे, बेहोशी और झटके आने लगते हैं।

मेधा वटी मिर्गी को ठीक करने में बेहद सक्षम है। हालांकि इसका इलाज़ थोड़ा लम्बा है। आपको कुछ महीनों के लिए यह टॉनिक इस्तेमाल करनी पड़ सकती है।

लेकिन इसके परिणाम बेहद जबरदस्त हैं। अधिक जानकारी के लिए आप आयुर्वेदिक चिकित्सक से भी सलाह ले सकते हैं।

मनोग्रसित-बाध्यता विकार (OCD – Obsessive compulsive disorder)

OCD एक सामान्य मानसिक बीमारी है जो 2 से 3 प्रतिशत लोगों में देखी जाती है। यह Anxiety का ही एक रूप है।

OCD एक ऐसी बीमारी है जिसमें रोगी में किसी भी चीज़ को लेकर एक तरह का Obsession पैदा हो जाता है। इसमें वह चीज़ों के बारे में जरुरत से ज्यादा सोचता रहता है जैसे बार-बार घड़ी देखना, हाथ धोना, किसी भी चीज़ की जांच करना, किसी चीज़ को लेकर खतरा महसूस करना, इत्यादि।

लेकिन मेधा वटी के इस्तेमाल से इस समस्या को जड़ से ख़त्म किया जा सकता है। यह एंग्जायटी को दूर करता है और रोगी के मन में आने वाले बेबुनियादी विचारों को दूर करता है।

एकाग्रता (concentration)

मेधा वटी का इस्तेमाल एकाग्रता बढ़ने के लिए भी किया जाता है। खासकर स्कूल पढ़ने वाले बच्चे जो पढ़ाई में धयान नही लगा पाते उनके लिए मेधा वटी वरदान है। 

परीक्षा के चलते तनाव में रहने वाले बच्चों में एकाग्रता कम देखी जाती है। ऐसे बच्चे अगर इस टॉनिक का इस्तेमाल करते हैं तो उनकी एकाग्रता बढ़ती है

बच्चों के अलावा नौकरी करने वाले लोग भी इस दवा का सेवन कर सकते हैं। यह मन को शांत कर के आपको एक जगह पर Focus रखने में मदद करती है।

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दिव्या मेधा वटी की सामग्रियां (Divya Medha vati Extra Power Ingredients)

मेधा वटी की प्रत्येक 500gm टेबलेट में कुल 9 Ingredients होते हैं जो इस प्रकार हैं:

  • ब्राह्मी – 54.7 mg
  • शंखपुष्पी – 43.7 mg
  • घोड़बच – 43.70
  • उस्तूखूदूस – 43.7 mg
  • अश्वगंधा – 43.7 mg
  • मालकांगनी – 43.70mg
  • सौंफ – 19.2 mg
  • पुष्करमूल – 56.77mg
  • गोजिह्वा – 17mg

पतंजलि दिव्या मेधा वटी का सेवन कैसे करें (How to use Patanjali medha vati)

मेधा वटी का सेवन दिन में दो या तीन बार कर सकते हैं। इसका सेवन सुबह और रात्रि का भोजन करने के बाद किया जा सकता है।

यदि आपकी उम्र 8 – 15 वर्ष है तो आप 1-1 गोली सुबह शाम ले सकते हैं। और अगर वयस्क या बुजुर्ग हैं तो सुबह शाम 2-2 गोलियाँ खा सकते हैं

ध्यान रखें की मेधा वटी को गुनगुने दूध या पानी के साथ ही लें। ऐसा करने से दवाई अच्छा असर करती है।

मेधा वटी की कीमत (Patanjali Divya Medha vati Price)

मेधा वटी के एक पैकेट में 4 पत्ते होते हैं और प्रत्येक पत्ते में 30 गोलिया होती हैं। Amazon Online Store में इस पूरे पैकेट का दाम 224 रुपये है।

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मेधा वटी के दुष्प्रभाव (Patanjali Divya Medha vati Side effects)

मेधा वटी पूरी तरह से सुरक्षित है और इसके कोई भी साइड इफेक्ट्स नहीं देखे गए हैं। लेकिन फिर भी एहतियात के तौर पर एक बार चिकित्सक से सलाह-मशविरा जरूर करें।

Patanjali Divya Medha vati से सम्बंधित FAQs

Question: क्या मेधा वटी असरदार है ?

Answer: हाँ, मेधा वटी असरदार है, लेकिन आपको इसका फायदा धीरे-धीरे मिलेगा।


Question: मेधा वटी को कितने समय तक इस्तेमाल करना चाहिए ?

Answer: यदि आपके लक्षण हलके हैं तो आप इसका सेवन 1-2 महीनों तक कर सकते हैं। लेकिन अगर लक्षण गंभीर हैं तो चिकित्सक के अनुसार इसको इस्तेमाल करें।


Question: क्या मेधा वटी बच्चों को देनी चाहिए ? 

Answer: मेधा वटी 5 वर्ष के बच्चों को दी जा सकती है, लेकिन एक बार चिकित्सक की राय जरूर लें।


Question: क्या गर्भवती और स्तनपान करने वाली महिलाओं को यह दवा लेनी चाहिए ?

Answer: शायद नहीं, मेधा वटी में vacha होता है जो गर्भवती महिलाओं के लिए सुरक्षित नहीं है। हालांकि चिकित्सक इस बात की पुष्टि नहीं करते।

इस्तेमाल करने से पहले एक बार अवश्य उनसे सलाह लें।


Question: क्या मेधा वटी इस्तेमाल करने से इसकी आदत तो नहीं लग जाएगी ?

Answer: नहीं, इसके इस्तेमाल से आपको इसकी आदत नहीं लगेगी।

धयान रखें: आपको इस दवा पर पूरी तरह निर्भर नहीं होना है। आपको अपनी मानिसक बीमारियों को ठीक करने के लिए पौष्टिक भोजन, नियमित तोर पर व्यायाम और योग भी करना होगा। धूम्रपान एवं शराब का इस्तेमाल करना तुरंत बंद करना होगा।

आशा करते हैं की Medha Vati Patanjali Benefits in Hindi के आर्टिकल से आप पूरी तरह संतुस्ट होंगे। अगर यह जानकारी आपको अच्छी लगी हो तो इसे अपने परिवार और दोस्तों के साथ जरूर शेयर करें।

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